
गुरुवार की रात गुप्ता कॉलोनी, जागृतिनगर, गोहलपुर में हुई मृतक राहुल रजक की अंधी हत्या को पुलिस ने सुलझा लिया है। हत्या के संबंध में दो भाईयों और एक 16 वर्षीय किशोर के शामिल होने की बात सामने आई है। हत्या की जांच के दौरान सामने आया कि मृतक राहुल रजक का आकाश रजक से घटना के कुछ देर पहले ही वाद विवाद हुआ था। जिसके बाद आकाश रजक उम्र 22 वर्ष निवासी जागृति नगर को गिरफ्तार कर पूछताछ की गयी तो एक और पुराना विवाद सामने आया। जिसमें पता लगा कि कुछ दिनों पहले शनिवार 11 दिसंबर को आकाश रजक के दोस्त का मृतक राहुल रजक के दोस्त से वाद विवाद हुआ था, जिसकी रिपोर्ट आकाश रजक के दोस्त ने की थी, रिपोर्ट करने की बात को लेकर राहुल रजक ने आकाश रजक को बुलवाया और दोस्त के खिलाफ रिपोर्ट कराने से नाराज़गी ज़ाहिर करते हुए मारने दौड़ा तो आकाश रजक भाग कर एक घर मे घुस गया और वहीं से अपने भाई विकास रजक को विवाद होने की जानकारी दी। तो विकास रजक अपने एक 16 वर्षीय दोस्त को लेकर पहुंचा, और जिस घर में भागकर आकाश रजक घुसा था वहाँ से कुल्हाड़ी लेकर राहुल रजक के सिर पर चोट पहुंचायी। इसके बाद विकास रजक और उस 16 वर्षीय किशोर ने ईंट और बेस बॉल के डण्डे से राहुल रजक को मारकर भाग गये। आकाश रजक के भाई विकास रजक उम्र 18 वर्ष और 16 वर्षीय किशोर को तलाश कर गिरफ़्तारी की गई। पूछताछ के दौरान उनकी निशानदेही पर उनसे घटना में प्रयुक्त कुल्हाडी, बेस बॉल का डण्डा और घटना के वक्त पहने हुये कपड़े जप्त किये गए। तीनों आरोपियों को आज कोर्ट में पेश किया जाएगा।
विदित हो कि 25 वर्षीय मृतक राहुल रजक की लाश गुरुवार को जागृतिनगर में पायी गई थी। मृतक के सिर पर गम्भीर चोट के भी निशान पाए गए थे। जिसके बाद जबलपुर पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ बहुगुणा (भा.पु.से.) के निर्देश पर और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शहर गोपाल खाण्डेल और नगर पुलिस अधीक्षक गोहलपुर अखिलेश गौर के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी गोहलपुर विजय तिवारी के नेतृत्व में टीम गठित कर हत्या की जांच शुरू की गई। इस अंधी हत्या का खुलासा करने, दोनों आरोपी भाईयो और 16 वर्षीय किशोर को 24 घंटे के अंदर पकडने में उप निरीक्षक अमित मिश्रा, लवकुश साकेत, सहायक उप निरीक्षक मान सिंह, प्रधान आरक्षक राघवेन्द्र सिंह, आशीष असाटी, धर्माजी पवार, राजा भैया, सुरेश मिश्रा, सादिक अली, आरक्षक हुलेश, दिलीप, धीरेन्द्र, विनय एवं क्राईम ब्रांच के सहायक उप निरीक्षक रामसनेह शर्मा प्रधान आरक्षक हरिशंकर गुप्ता, अरविंद श्रीवास्तव, आरक्षक राजेश केवट की सराहनीय भूमिका रही।